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भारत ने भारत और मालदीव के बीच प्रथम एवर कार्गो फेरी सर्विस "MCP लिंज" को मालदीव में लोंच किया

  • भारत के नौवहन राज्यमंत्री मनसुख मांडवीया और मालदीव के परिवहन और नागरिक उड्डयन मंत्री के रूप में कार्यरत आयुष नहुला ने साथ मिलकर भारत और मालदीव के बीच शुरू होने वाली प्रथम एवर डायरेक्ट कार्गो सेवा फेरी को लॉन्च किया। 
  • इस कार्गो सेवा शुरू होने की वजह से भारत और मालदीव के बीच व्यापार में आने वाली मुश्किलों मे कमी आएगी तथा व्यापारिक रिश्ते और भी ज्यादा मजबूत बनेंगे। हिंद महासागर क्षेत्र में व्यापार के लिए तथा कनेक्टिविटी के लिए नए अवसर भी खुलेंगे। जिससे इस क्षेत्र में व्यापार का बेहतर विकास हो पाएगा। 
  • इस कार्गो सेवा के लॉन्च के समय मालदीव पोट्स लिमिटेड के अधिकारी तथा भारत की ओर से कोचीन बंदरगाह और तूतीकोरिन बंदरगाह के अधिकारी भी इस समारोह में मौजूद रहे थे। 
  • मालदीव देश के विदेश मंत्रालय के प्रतिनिधिओ ने इस समय उपस्थिति दर्ज कराई थी। भारत सरकार ने अपने पड़ोसी देशों के साथ संबंधों को बेहतर बनाने के लिए भारत सरकार नेबरहुड फर्स्ट नीति को अपनाया है, जिसके तहत यह सेवा लांच की गई है। मालदीव के भारत के साथ रिश्ते बेहतर बनाने के लिए इंडिया फर्स्ट की नीति को दर्शाता है। 

प्रथम एवर डायरेक्ट कार्गो की सेवा के बारे में सामान्य जानकारी:
  • इस कर्गो सेवा के तहत भारत के दो बंदरगाह तूतीकोरिन बंदरगाह और कोचिंग बंदरगाह को मालदीव के कुलधुंधुफुशी बंदरगाह और पुरुष बंदरगाह को जोड़ने का कार्य करेगी। 
  • इस कार्गो सेवा को "MCP लिंज"  भारत सरकार के शिपिंग कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (SCI) द्वारा चलाया जाएगा। भारत सेवा में लगभग 3 मिलियन डॉलर की करीब सब्सिडी देगा।
  • मालदीव और भारत के बीच शुरू हुई इस कार्गो सेवा को महीने में दो बार चलाया जाएगा। 
  • इस कार्गो सेवा के शुरू होने से भारत और मालदीव के बीच कनेक्टिविटी बेहतर बनेगी, माल सामान के परिवहन में सुविधा मिलेगी, व्यापार बढ़ेगा इसके अलावा दोनों देशों के आर्थिक संबंध और राजनीतिक संबंध भी मजबूत होंगे। 

इस कार्गो फेरी सेवा के शुरु होने से होने वाले लाभ के बारे में सामान्य जानकारी:
  • इस सेवा के शुरू होने से भारत की और मालदीव के MSME उद्योग को फायदा पहुंचेगा। मालदीवियन निर्यातक समुद्री उत्पाद को भारतीय बाजार में निर्यात कर पाएंगे, तथा मालदीव के निर्यातक समुद्री उत्पाद को भारतीय बंदरगाह कोचीन और तूतीकोरिन के माध्यम से यूरोपीय देश तथा विश्व के अन्य देशों में भी निर्यात करने का अवसर को तलासेगे। 
  • मालदीव की संसद द्वारा आयत की जाने वाली वस्तुओं में 50% तक कस्टम शुल्क को काम करने का निर्णय लिया है जो कुलधुंधुशी बंदरगाह के लिए लागू किया गया है।   
  • भारत के व्यापारी भी तूतीकोरिन और कोचीन बंदरगाह के माध्यम से मालदीव के बाजार में अपने उत्पाद को बेच पाएंगे, जिससे भारत और मालदीव के बीच व्यापार को बढ़ावा मिलेगा। 
  • भारतीय क्रेडिटलाइन के माध्यम से मालदीव अपने गुहालदूफुशी बंदरगाह और हनी माधु हवाई अड्डे को इस फेरी सेवा से जोड़कर मालदीव अपने आर्थिक समृद्धि के लिए कार्य करेगा। इन बंदरगाहों पर बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध होने से पर्यटन तथा व्यापार दोनों को बढ़ाओ मिलेगा। 

MCP लिंज के बारे में सामान्य जानकारी:
  • MCP लिंज 380 TEU (20 फीट समतुल्य इकाई) ले जाने में सक्षम है इसके अलावा फेरी सर्विस में 3000 MT के भारी भरकम ब्लक कार्गो को ले जाने में भी सक्षम है जिसके लिए 10 से 12 दिन का समय लगेगा। 
  • इस फेरी सेवा में वस्तुओं नुकसान न पहुंचे इसलिए अत्याधुनिक सुविधाओं के रूप में कोल्ड स्टोरेज भी उपलब्ध है।
  • इस फेरी सेवा में सभी प्रकार के उत्पाद को ले जाने की क्षमता है, जिसमें कुछ दिन में खराब हो जाने वाले उत्पाद तथा फार्मा उत्पाद और अन्य उत्पाद भी शामिल है।

मालदीव के बारे में सामान्य जानकारी:
राजधानी - माले
राष्ट्रपति - इब्राहिम मोहम्मद शोलीह
उपराष्ट्रपति - फैसल नसीम
संसद का नाम - पीपल्स मजलिस
करंसी -  मालदीवियन रुपया   




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